25/08/2026

एक नेक औरत की सच्ची तमन्ना का अजीब वाक़िआ। Ek Nek aurat ki sacchi Tamanna ka Ajeeb waqia.

किताबों में एक दिलचस्प और अजीब वाकिआ लिखा है कि एक औरत निहायत ही पाक दामन और नेक थी। वह चाहती थी कि मुझे नबी-ए-करीम …

एक पाकदामन माँ की दुआ। Ek pakdaman Maa ki Dua.

हज़रत शेख अब्दुलहक़ मुहद्दिस देहलवी रहमतुल्लाहि ताअला अलैहि एक अजीब बात लिखते हैं कि जिस इंसान की जिंदगी पाकदामनी की ज़िंदगी होगी अल्लाह तआला उस …

औरतों की नमाज पढ़ने का तरीक़ा। Auraton ki namaj padhne ka tarika.

काबा की तरफ मुंह करके खड़े हो जाइए और नमाज़ की नियत करके दोनो हाथ कंधों तक ऊपर उठाइए, मगर हाथ आंचल से बाहर न …

मुबाशिरत के औकात। Mubashirat ke aukat.

शरीअत ने जिमाअ के लिये कोई खास वक़्त मुकर्रर नहीं किया है। हाँ, बअज़ शरई अवारिज़ की मौजूदगी में जिमाअ करना मना है। जैसेः रोज़ा, …

जिमाअ के बाद का अमल। Jima ke bad Ka Amal.

जिमाअ यानी हमबिस्तरी से फारिग होकर मर्दो औरत दोनों अलग-अलग हो जाऐं, फिर किसी साफ कपड़े से दोनों अपने-अपने मकामे मख़्सूस को साफ कर लें। …

जिमाअ करने का तरीक़ा। Jima karne ka Tarika.

कुरान :- अल्लाह तआला इरशाद फरमाता है: “तुम्हारी औरतें तुम्हारे लिये खेतियां हैं तो आओ अपनी खेतियों में जिस तरह चाहो।” जिमाअ के तरीक़े बहुत …

जिमाअ के आदाब। Jima ke Aadab.

जिमाअ करना इन्सान की वह तबई और अहम ज़रूरत है जिसके बगैर इन्सान का सही तौर से ज़िन्दगी गुज़ारना मुश्किल बल्कि तकरीबन ना मुम्किन सा …

जिमाअ का बयान। Jima ka bayan.

जिमाअ यानी हमबिस्तरी की ख़्वाहिश एक फितरी यानी कुदरती जज़्बा है जो हर ज़ीरूह में खिलकतन पाया जाता है। इसे बताने की ज़रूरत नहीं होती। …